यदि सार्वजनिक शिक्षण संस्थानों में भी इतना भेद बना रहेगा तो, शिक्षा को शिक्षा के रूप में कैसे ग्रहण किया जा सकता है। दरअसल शिक्षा का सर्वाधिक महत्वपूर्ण ध्येय है, विद्यार्थी में आत्मविश्वास पैदा करना। परंतु हमारी शिक्षा प्रणाली तो जैसे विद्यार्थियों में हीनभावना पैदा कर रही है। Read More
MP Politics: बीजेपी में कैलाश विजयवर्गीय का कद कितना है, यह किसी से छिपा नहीं है लेकिन मोहन सरकार में उनके कद को लगातार छोटा करने की कवायद देखी जा रही है। क्या अपनी स्थिति मजबूत बनाए रखने के लिए वे राजनीति की पुरानी नीति... Read More